<rss xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom" xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/" xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/" xmlns:dcterms="http://purl.org/dc/terms/" xmlns:geo="http://www.w3.org/2003/01/geo/wgs84_pos#" xmlns:georss="http://www.georss.org/georss" xmlns:media="http://search.yahoo.com/mrss/" xmlns:slash="http://purl.org/rss/1.0/modules/slash/" xmlns:sy="http://purl.org/rss/1.0/modules/syndication/" xmlns:wfw="http://wellformedweb.org/CommentAPI/" version="2.0"><channel xmlns:media="http://search.yahoo.com/mrss/"><title><![CDATA[ बेटी बचाओ]]></title><link>https://ravivarvichar.in/tags/bettii-bcaao</link><description/><atom:link href="https://ravivarvichar.in/rss/tags/bettii-bcaao" rel="self"/><language>en-us</language><lastBuildDate>Tue, 27 Jun 2023 13:21:20 +0530</lastBuildDate><item><title><![CDATA[MSME की स्कीम से होगा महिला एंटरप्रेन्योर्स का विकास ]]></title><link>https://ravivarvichar.in/nazariya/msme-schemes-and-shg-will-increase-female-business-owner-in-india</link><description><![CDATA[<img src="https://img-cdn.publive.online/fit-in/1280x960/ravivar-vichar/media/media_files/IxD4sxAAvUYINlVjdHwV.jpg"><p dir="ltr"><span>भारत में MSME यानि <strong>मीडियम, स्मॉल, माइक्रो इंटरप्राइजेज</strong> को बढ़ावा देने के लिए सरकार कई पॉलिसीज़ और परियोजनाएं लॉन्च करती रहती है. आत्मनिर्भर भारत अभियान (Self Reliant India Campaign) प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की एक पहल है, जिसे आगे बढ़ाने में वे हर संभव प्रयास कर रहे है. MSME बिज़नेस, जो कि कसी भी देश की इकॉनमी की बैकबोन कहलाते है, को ही बढ़ावा दिया जाता है इस अभियान की स्कीम्स के तहत. जो भी समूह, ऑर्गनाइज़ेशन या व्यक्ति अपना बिज़नेस (MSME) शुरू करता है, सरकार की स्कीम्स के मुताबिक उसे फाईनांशियल मदद के साथ बिज़नेस बढ़ाने में भी मदद मिलती है. </span></p>
<p dir="ltr"><span>सिर्फ ये ही नहीं भारत सरकार की ओर से व्यक्तियों को बिज़नेस शुरू करने के लिए भी ट्रेनिंग दी जाती है. यह सेटअप <strong>प्रधानमंत्री एम्प्लॉयमेंट जनरेशन प्रोग्राम</strong> (PMEGP) के तहत किया गया है. ग्रामीण से लेकर शहरी स्तर तक, इस स्कीम के तहत एम्प्लॉयमेंट अवसर तैयार किये जाते है. क्रेडिट्स के लिए <strong>फ्री लोन्स क्रेडिट गारंटी ट्रस्ट फण्ड फॉर माइक्रो एंड स्मॉल इंटरप्राइजेज</strong> (CGTMSE), <strong>फाइनेंसियल सपोर्ट टू MSMEs इन ज़ेड सर्टिफिकेशन स्कीम</strong> आदि स्कीम्स के मुताबिक दिए जाते है.</span></p>
<p dir="ltr"><span><img alt="SHG women get free loan from MSME" src="https://img-cdn.thepublive.com/fit-in/580x348/filters:format(webp)/ravivar-vichar/media/media_files/ZH1sAoNfuRLiDVTZGtpk.jpg" style="width: 464px; height: 348px;" class="center"></span></p>
<p dir="ltr"><span style="font-size: 8pt;"><em>Image Credits: The Economic Times</em></span></p>
<p dir="ltr"><span>भारत सरकार यह जानती है कि देश का विकास ग्रामीण क्षेत्रों के लोग, खासकर महिलाओं के साथ ही संभव है. इसीलिए सरकार का प्रयास रहता है, कि वे अपनी हर स्कीम से देश की महिलाओं को जोड़े. अपने पैरों पर खड़ा होना, गांव हो या शहर, हर महिला के लिए बेहद ज़रूरी है. शहरों में तो फिर भी महिलाएँ स्वावलम्बी है, और आगे बढ़ रही है. लेकिन आज भी गांव के हालात में सुधार नहीं है. बदलाव आया है, लेकिन यह देश को हर क्षेत्र में आगे बढ़ाने के लिए काफी नहीं होगा. सरकार यह बात समझती है और गांव की महिलाओं की लिए भरसक प्रयास कर रही है.</span><span></span></p>
<p dir="ltr"><img alt="Women Empowerment" src="https://img-cdn.thepublive.com/fit-in/580x348/filters:format(webp)/ravivar-vichar/media/media_files/HqXL7ruUgAKKaTxfHJgm.jpg" style="width: 522px; height: 348px;" class="center"></p>
<p dir="ltr"><em><span style="font-size: 8pt;">Image Credits: The Indian Minute</span></em></p>
<p dir="ltr"><span>चाहे उनको सुविधाएं प्रदान करने की बात हो, या उनके बिज़नेस तैयार करवाने के बात, सरकार की हर स्कीम में महिलाओं का विकास शामिल होता है. <strong>प्रधानमंत्री एम्प्लॉयमेंट जनरेशन प्रोग्राम</strong> (PMEGP) के तहत महिला उद्यमियों द्वारा 1.38 लाख परियोजनाएं स्थापित की गई हैं. सिर्फ MSME ही नहीं, भारत सरकार ने महिला सशक्तिकरण और सुरक्षा की दिशा में भी कई कदम उठाए हैं. <strong>बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ, स्टैंड अप इंडिया, मिशन इंद्रधनुष, मुद्रा योजना स्कीम, ट्रेड (व्यापार संबंधित उद्यमिता सहायता और विकास) योजना, महिला उद्यम निधि योजना, अन्नपूर्णा योजना, महिला उद्यमियों के लिए स्त्री शक्ति पैकेज, भारतीय महिला बिजनेस बैंक ऋण जैसी पहल , देना शक्ति योजना, उद्योगिनी योजना, सेंट कल्याणी योजना</strong> और कई अन्य ने भारत में महिला आबादी के कल्याण में योगदान दिया है.</span></p>
<p dir="ltr"><span><img alt="Self Help Groups  MSME loans " src="https://img-cdn.thepublive.com/fit-in/580x348/filters:format(webp)/ravivar-vichar/media/media_files/aIMROATKFwz26daIU6dB.jpg" style="width: 522px; height: 348px;" class="center"></span></p>
<p dir="ltr"><span style="font-size: 8pt;"><em>Image Credits: Indian filings</em></span></p>
<p dir="ltr"><span><strong>अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस 2018</strong> पर <strong>MSME मंत्रालय</strong> ने 'उद्यम सखी' लॉन्च किया, जो कम लागत वाले उत्पादों और सेवाओं के इर्द-गिर्द घूमने वाले व्यवसाय मॉडल बनाने वाले सामाजिक उद्यमिता को बढ़ावा देने वाला एक नेटवर्क है. पोर्टल लगभग 8 मिलियन भारतीय महिलाओं की जरूरतों को पूरा करता है, जिन्होंने बिज़नेस सीखने के उपकरण, पैसे जुटाने के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रम, सलाहकार प्रदान करना, एक-पर-एक निवेशक बैठक, बाजार सर्वेक्षण सुविधा प्रदान करना आदि के लिए अपने मंच के माध्यम से खुद का व्यवसाय शुरू किया है या चला रही हैं. यह आसानी से अनुमान लगाया जा सकता है कि भारत सरकार घर की चारदीवारी के बाहर महिलाओं की भूमिका में क्रांतिकारी बदलाव लाने में लगातार लगी हुई है.</span><span></span></p>
<p dir="ltr"><span> <img alt="Giriraj Singh" src="https://img-cdn.thepublive.com/fit-in/580x348/filters:format(webp)/ravivar-vichar/media/media_files/pi3EfhfZrPGg62T6uNyf.jpg" style="width: 553px; height: 348px;" class="center"></span></p>
<p dir="ltr"><span style="font-size: 8pt;"><em>Image Credits: News On Air</em></span></p>
<p dir="ltr"><span><strong>गांव में स्वयं सहायता समूह</strong> (SHG) सरकार की स्कीम्स के तहत बहुत तेज़ी से आगे बढ़ रहे है. इन समूहों में गांव की महिलाएं एक साथ आकर कुछ पैसे ऐसे जोड़कर अपना बिज़नेस शुरू करती है. सरकार ने Self Help Groups को आगे बढ़ाने के लिए भी कई स्कीम्स और प्लान्स शुरू कर रखे है, जिनके तहत ग्रामीण महिलाएं बिज़नेस, छोटी दुकानें, और ऐसे ही बहुत से काम शुरू कर अपने परिवारों का सहारा बनी हुई है. </span></p>
<p dir="ltr"><span><strong>ग्रामीण विकास और पंचायती राज मंत्री गिरिराज सिंह </strong>ने <strong>आजादी का अमृत महोत्सव समग्र विकास </strong>के हिस्से के रूप में "<strong>संगठन से समृद्धि - किसी ग्रामीण महिला को पीछे न छोड़ना</strong>" अभियान शुरू किया. इस अभियान के तहत सरकार का उद्देश्य हर ग्रामीण महिला को समूह से जोड़कर आत्मनिर्भर बनाने का है. उन्होंने कहा- "<em>मुझे खुशी है कि आजादी के 75 साल पूरे होने के जश्न के अवसर पर, हम पहले से ही SHG आंदोलन का हिस्सा 9 करोड़ महिलाओं में से 1 करोड़ अतिरिक्त महिलाओं को एकजुट करने के लिए यह "संगठन से समृद्धि" अभियान शुरू कर रहे हैं.</em>"</span></p>
<p dir="ltr"><span><img alt="Rural Women in SHG" src="https://img-cdn.thepublive.com/fit-in/580x348/filters:format(webp)/ravivar-vichar/media/media_files/OjCPKHhy9Yji8OqyBbTz.jpg" style="width: 580px; height: 301px;" class="center"></span></p>
<p dir="ltr"><em><span style="font-size: 8pt;">Image Credits: Food And Agricultural Organisation</span></em></p>
<p dir="ltr"><span>SHG से जुड़कर ग्रामीण महिलाएं अपने पैरों पर खड़ी हो रही है और स्वावलम्बी बन रही है. गांव की किसी महिला को अगर अपना बिज़नेस या कोई काम शुरू करना हो, तो भी वे SHG से लोन लेकर अपना काम शुरू करती है.<strong> रविवार विचार</strong> ने ऐसी बहुत सी कहानियां सामने लाए है, जहां महिला SHG के साथ जुड़कर आत्मनिर्भर बन रही हो. जिस तरह से महिलाएं आगे बढ़ रही है, देश की उन्नति भी तेज हो गयी है. महिला इन समूहों के साथ जुड़कर ज़्यादातर माइक्रो बिज़नेस ही शुरू करतीं है. </span></p>
<p dir="ltr"><span>केंद्र सरकार ने गांवों में नए उद्यमों और नौकरियों के निर्माण को बढ़ावा देने के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में महिलाओं के लिए एक नई क्रेडिट योजना शुरू की है. योजना पर आधारित एक रिपोर्ट में कहा गया है कि योजना के तहत, SHG सदस्य बिज़नेस में किसी भी प्रायर एक्सपीरियन्स के बिना लोन प्राप्त कर सकते हैं. <strong>ग्रामीण विकास मंत्रालय के सचिव नागेंद्र नाथ सिन्हा</strong> ने कहा, “<em>उद्यम वित्तपोषण योजना महिलाओं के लिए अधिक व्यावसायिक अवसर पैदा करेगी. रिजल्ट में, ग्रामीण क्षेत्रों में अधिक रोजगार पैदा होगा क्योंकि उद्यमियों को अपना व्यवसाय चलाने के लिए लोगों की भी आवश्यकता होगी.</em>"</span></p>
<p dir="ltr"><span><img alt="Rural  Women In SHG " src="https://img-cdn.thepublive.com/fit-in/580x348/filters:format(webp)/ravivar-vichar/media/media_files/PSbVvm5XR7BntLRHxFy3.jpg" style="width: 580px; height: 301px;" class="center"></span></p>
<p dir="ltr"><em><span style="font-size: 8pt;">Image Credits: She At Work</span></em></p>
<p dir="ltr"><span>सरकार की यह पहल महिलाओं के लिए बहुत बड़ा कदम साबित हो रही है. देश का विकास महिलाओं की उन्नति के साथ ही तय है. जितनी तेजी से महिलाएं आगे बढ़ेंगी, देश उसी स्तर से डेवेलप होगा. आजकल महिलाएं जोखिम उठाती हैं, अपनी सोच पर भरोसा करती हैं और इससे कम पर समझौता नहीं करतीं. भारत सरकार की <strong>MSME स्कीम्स के तहत SHG महिलाओं को जोड़ना</strong> बहुत बड़ा कदम होगा, जिससे बदलाव तय है. </span></p>]]>
</description><dc:creator xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/">रिसिका जोशी</dc:creator><pubDate>Tue, 27 Jun 2023 13:21:20 +0530</pubDate><guid isPermaLink="true"><![CDATA[ https://ravivarvichar.in/nazariya/msme-schemes-and-shg-will-increase-female-business-owner-in-india]]></guid><category><![CDATA[नज़रिया]]></category><media:content height="960" medium="image" url="https://img-cdn.publive.online/fit-in/1280x960/ravivar-vichar/media/media_files/IxD4sxAAvUYINlVjdHwV.jpg" width="1280"/><media:thumbnail url="https://img-cdn.publive.online/fit-in/1280x960/ravivar-vichar/media/media_files/IxD4sxAAvUYINlVjdHwV.jpg"/></item><item><title><![CDATA[महिला सशक्तिकरण के पथ पर भारत... ]]></title><link>https://ravivarvichar.in/photovideo/women-led-development-will-lead-to-empowerment-of-india</link><description><![CDATA[<img src="https://img-cdn.publive.online/fit-in/1280x960/ravivar-vichar/media/media_files/z5QUSnFFwO9RgiTxEsat.jpg"><p><iframe style="width: 820px; height: 460px;" src="https://www.youtube.com/embed/SfmH-rO7uac" width="820" height="460" allowfullscreen="allowfullscreen"></iframe></p>
<p>भारत सरकार जब से इस देश में कार्यरत है, उन्होंने महिला साक्षरता और सशक्तिकरण को अपनी प्राथमिकता बनाया है. चाहे वो 'बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ योजना' हो, 'प्रधानमंत्री आवास योजना' हो, या, 'प्रधानमंत्री जन-धन योजना', हर योजना ने 9 सालों में सिर्फ महिला सशक्तिकरण और कल्याण का परचम लहराया है .</p>]]>
</description><dc:creator xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/">रविवार ब्यूरो </dc:creator><pubDate>Thu, 25 May 2023 16:09:16 +0530</pubDate><guid isPermaLink="true"><![CDATA[ https://ravivarvichar.in/photovideo/women-led-development-will-lead-to-empowerment-of-india]]></guid><category><![CDATA[वीडियो]]></category><media:content height="960" medium="image" url="https://img-cdn.publive.online/fit-in/1280x960/ravivar-vichar/media/media_files/z5QUSnFFwO9RgiTxEsat.jpg" width="1280"/><media:thumbnail url="https://img-cdn.publive.online/fit-in/1280x960/ravivar-vichar/media/media_files/z5QUSnFFwO9RgiTxEsat.jpg"/></item><item><title><![CDATA[महिला सशक्त तो देश में बरकत ]]></title><link>https://ravivarvichar.in/khabar/women-empowerment-will-lead-to-empowerment-of-india-9-years-of-modi-government-led-towards-women-development</link><description><![CDATA[<img src="https://img-cdn.publive.online/fit-in/1280x960/ravivar-vichar/media/media_files/z5QUSnFFwO9RgiTxEsat.jpg"><p dir="ltr">"<em>जब भी मैं हवाईजहाज देखती थी, हमेशा सोचती थी, की एक दिन मैं भी इसे उडाऊंगी.</em>" यह कहा, ग्यारवी क्लास में पढ़ रहीं कली ने, जिसे बड़ा होकर पायलट बनना है. Science (विज्ञान) की इस छात्रा के सपने जितने बड़े है, उतनी ही लगन और चमक दिखती है इसकी आंखों में. दूसरी तरफ एक और बेटी जिसका नाम अंशिका है, वो भी स्कूल जाती है और बड़ी होकर डॉक्टर बनाने का सपना देखती है. अंशिका की माँ ने बहुत छोटी उम्र में पढ़ाई छोड़ दी थी, लेकिन वो अपनी बेटी को हर वो सुख देना चाहती है जिसकी वो हक़दार है. अंशिका और कली दोनों की कहानियां, किसी को भी काम करने के लिए प्रेरित कर दे. यह दोनों Pardada Pardadi Educational Society की छात्राएं हैं जो गरीब परिवार की बेटियों को पढ़ाती है. उत्तर प्रदेश के छोटे से गांव अनूपपुर में रहती है ये दोनों बेटियां. प्रधानमंत्री की महिला और बेटियों के लिए बनाई गयी योजनाओं की कामियाबी को दर्शाती है इन बच्चों की कहानी. </p>
<p dir="ltr">भारत सरकार जब से इस देश में कार्यरत है, उन्होंने महिला साक्षरता और सशक्तिकरण को अपनी प्राथमिकता बनाया है. चाहे वो 'बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ योजना' हो, 'प्रधानमंत्री आवास योजना' हो, या, 'प्रधानमंत्री जन-धन योजना', हर योजना ने 9 सालों में सिर्फ महिला सशक्तिकरण और कल्याण का परचम लहराया है. माध्यमिक शिक्षा में लड़कियों के दाखिले का प्रतिशत 75.51 प्रतिशत से बढ़कर 79.46 प्रतिशत हो गया. प्रधानमंत्री की वित्तीय सलाहकार परिषद की सदस्य शमिका रवि कहती हैं- "<em>देश के स्कूलों में लड़कियों का प्रदर्शन लड़को से काफी बेहतर रहता है.</em>" राजनीतिक विश्लेषक और शोधकर्ता डॉ मनीषा प्रियम का मत है- "<em>शिक्षा नीति के लक्ष्य तभी पूरे होते हैं जब सरकारें लड़कियों, महिलाओं और सुविधाहीन सामाजिक वर्गों पर विशेष ध्यान देती हैं.</em>"  </p>
<p dir="ltr">अपोलो अस्पताल की संयुक्त प्रबंध निदेशक डॉ संगीता रेड्डी कहती हैं कि- " <em>मुझे सबसे ज्यादा इस बात का गर्व है जागरूकता बढ़ने से माध्यमिक शिक्षा में जहां पहले 76 प्रतिशत लड़कियों के नाम लिखे थे, वह अब बढ़कर 84 प्रतिशत हो गए हैं.</em>" सरकार महिलाओं को self help group से जोड़ने पर बहुत ज़ोर देती है. इन समूहों का हिस्सा बनकर लाखों महिलाओं की ज़िन्दगी बदल चुकी है. उत्तर प्रदेश की महिलाऐं समूह से जुड़कर नौकरी कर रही है जिनसे उन्हें अपने परिवार को चलाने में काफी आसानी हो रही है. छात्रा कली की मां ने बताया- "<em>मैं SHG से जुडी हुई हूं. इसी कारण मुझे शौचालय की साफ-सफाई का काम मिला. आज मैं छह हजार रुपये कमा लेती हूं.</em>" SHG की सदस्य रानी सिंह कहती हैं- "<em>फायदा हो रहा है और इसीलिए हमने कुछ जानवर खरीद लिए है. अच्छी खासी कमाई भी हो रही है.</em>"</p>
<p dir="ltr"><img style="width: 522px; height: 348px;" src="https://img-cdn.thepublive.com/fit-in/580x348/filters:format(webp)/ravivar-vichar/media/media_files/M6ezWgHKRtEpSkuwwhOa.jpg" alt="SHG Women in India"></p>
<p dir="ltr"><span style="font-size: 8pt;"><em>Image Credits: Effectiveness Consortium on Women's Groups </em></span></p>
<p dir="ltr">India Sanitation Coalition और Rothschild and Company, India की चेयरपर्सन नैना लाल किदवई ने कहा- "<em>जो सबसे खास चीज हमने हासिल की है वह राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के जरिए हुई है, जिसमें लगभग चार लाख ग्रामीण महिलाओं के SHGs को प्रशिक्षण के जरिए मदद की गई. इस मिशन ने गरीब और वंचित समुदायों की 8.7 करोड़ महिलाओं के 81 लाख self help group तैयार किये गए. SHG का यह अभियान को देश को बदलने में बहुत अहम भूमिका निभाएगा. हमारे SHGs जितने मजबूत होंगे उतना ही माइक्रोफाइनेंस संस्थाओं के लिए उन्हें कर्ज देना आसान हो जाएगा क्योंकि माइक्रोफाइनेंस ज्यादातर SHGs के जरिए ही दिया जाता है.</em>"            </p>
<p dir="ltr">डॉ संगीता रेड्डी कहती हैं- "<em>SHG आंदोलन से महिला सदस्यों की संख्या बढ़ रही है और उनको मजबूत नेतृत्व भी मिल रहा है. प्रधानमंत्री का बहुत मशहूर बयान है कि भारत केवल महिला विकास पर नहीं बल्कि महिलाओं की अगुवाई में विकास पर ध्यान दे रहा है.</em>" एक महिला जो कि प्रधानमंत्री आवास योजना के कारण आज एक घर में रह रही है बताती है- "<em>SHG वालों की तरफ महिलाएं आई और मेरा नाम योजना के तहत लिख कर ले गयी. तब हमें यह मकान मिला. टॉयलेट भी सरकार की तरफ से बना.</em>" सरकार ने पहले कुछ सालों में ही 10 करोड़ शौचालय बनवाए और इसके बाद data सामने आया कि औरतों के ऊपर होने वाले क्राइम में बहुत भारी बदलाव और गिरावट आई. SUGAR कॉस्मेटिक्स की सह-संस्थापक (Co-Founder) विनीता सिंह कहती हैं कि- "<em>यह पक्का है कि अगले 10 साल में महिला नेतृत्व एक्सप्लोड होने वाला है. मेरी जैसी कई इंटरप्रेन्योर 10 साल पहले सोच नहीं सकती थीं कि अपना खुद का बिजनेस बनाकर बड़ा करें.</em>" भारत देश में प्रधानमंत्री द्वारा शुरू कि गयी सारी योजनाएं महिलाओं के लिए वरदान साबित हो रही है. यह सच है कि अभी बहुत बदलाव की गुंजाईश है, लेकिन जिस गति से महिलाएं सशक्तिकरण की और बढ़ रही है, वह बहुत सराहनीय है.</p>]]>
</description><dc:creator xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/">रिसिका जोशी</dc:creator><pubDate>Mon, 22 May 2023 17:45:00 +0530</pubDate><guid isPermaLink="true"><![CDATA[ https://ravivarvichar.in/khabar/women-empowerment-will-lead-to-empowerment-of-india-9-years-of-modi-government-led-towards-women-development]]></guid><category><![CDATA[ख़बर]]></category><media:content height="960" medium="image" url="https://img-cdn.publive.online/fit-in/1280x960/ravivar-vichar/media/media_files/z5QUSnFFwO9RgiTxEsat.jpg" width="1280"/><media:thumbnail url="https://img-cdn.publive.online/fit-in/1280x960/ravivar-vichar/media/media_files/z5QUSnFFwO9RgiTxEsat.jpg"/></item></channel></rss>